
जबलपुर। उत्तर भारत के ऊपर बने पश्चिमी विक्षोभ के असर से बढ़ती ठंड तीसरे दिन भी ठिठकी रही। पिछले तीन दिनों से हवाओं की रफ्तार भी इतनी धीमी है कि मौसम वैधशाला का पवन वेग यंत्र भी उसकी गति नहीं माप पा रहा? जिससे ये भी पता नहीं चल पा रहा कि हवा उत्तरी है
एयर इंडिया ने अमेरिका के इस शहर के लिए शुरू की डाइरेक्ट फ्लाइट, 16 घंटे में पहुंच जाएंगे
या पूर्वी या दक्षिण पश्चिमी। यही कारण है कि मौसम विभाग द्वारा जारी रिपोर्ट में हवा की दिशा और गति की जानकारी निरंक है। बहरहाल, जिस तरह का मौसम है उससे वातावरण में ठंड का असर तीन दिनों से कम हैं। अधिकतम तापमान भी करीब एक डिग्री की बढ़त के साथ शुक्रवार को 26.8 से बढ़कर 2726.8 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया वहीं न्यूनतम तापमान 10.7 डिग्री पर स्थिर रहा। विदित हो कि एक सप्ताह पूर्व रात का न्यूनतम तापमान 7.0 से 8.0 डिग्री तक नीचे पहुंच गया था।
खिलौनों के बाद अब चीन से आने वाली किस चीज़ पर लगाम लगाएगा भारत
मौसम विभाग की माने तो आगामी दो-तीन मौसम इसी तरह बना रहेगा। इसके बाद धीरे-धीरे तापमान में गिरावट आएगी और उत्तरी हवाओं के जोर से ठंड बढ़ने लगेगी। उत्तर भारत के ऊपर बना पश्चिमी विक्षोभ आगे बढ़ गया है। जिससे पहाड़ों में बर्फबारी बढ़ने की संभावना के बीच वातावरण में ठंडक घुल सकती है। पहाड़ी क्षेत्रों में बर्फबारी के बाद ठंड जोर पकड़ सकती है।





Users Today : 16
Users This Month : 44
Total Users : 233582
Views Today : 21
Views This Month : 69
Total views : 54828



