Breaking News
[the_ad id='4127']
[the_ad id="4127"]

ईरान में 5 लोगों को मौत का फरमान:इन प्रदर्शनकारियों पर सैनिक की हत्या का आरोप, 3 बच्चों समेत 11 को जेल

ईरान में पांच हिजाब विरोधी प्रदर्शनकारियों को सजा-ए-मौत सुनाई गई है। ज्यूडिशियरी डिपार्टमेंट की तरफ से जारी बयान के मुताबिक, 11 लोगों को कैद का भी ऐलान किया गया है। इनमें 3 बच्चे शामिल हैं। दो महीने पहले पैरामिलिट्री के सैनिक रुहोल्लाह अजामियान की मौत उस वक्त हो गई थी, जब वो प्रदर्शनकारियों को कंट्रोल करने की कोशिश कर रहे थे। तब यह प्रदर्शन हादिस नजाफी नाम की एक महिला प्रदर्शनकारी की पुलिस के हाथों हुई मौत के विरोध में हुए थे। नजाफी हिजाब विरोधी प्रदर्शन का बड़ा चेहरा थीं।

ईरान में 16 सितंबर को मॉरेलिटी पुलिस की कस्टडी में 23 साल की स्टूडेंट महसा अमिनी की मौत हो गई थी। उसे पुलिस ने हिजाब न पहनने के आरोप में गिरफ्तार किया था। अमिनी की मौत के बाद हिजाब और सरकार विरोधी प्रदर्शन शुरू हुए। 300 लोगों की मौत हो चुकी है और ये अब भी जारी हैं।

प्रवक्ता ने भी की सजा की पुष्टि
लॉ डिपार्टमेंट के स्पोक्स पर्सन मसूद सेतयाशी ने पांच लोगों को सजा-ए-मौत और 11 लोगों को कैद की सजा सुनाए जाने की पुष्टि की। उन्होंने कहा- सैनिक की मौत का केस 11 लोगों पर शुरू किया गया था। इसके बाद चार और लोगों के नाम केस में जोड़े गए। सरकारी वेबसाइट ने सजा की पुष्टि की, लेकिन यह नहीं बताया कि किस दोषी को कितनी सजा सुनाई गई है।

जिस दिन यह घटना हुई, उस महसा अमिनी की मौत के 40 दिन हुए थे। स्थानीय परंपरा के मुताबिक, यह शोक का दिन होता है। इसी दिन बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन हुए थे। इसी दिन हादिस नजाफी और सैनिक की मौत भी हुई थी। सैनिक की हत्या के आरोप में ही इन लोगों को दोषी ठहराया गया और अब सजा का ऐलान किया गया है।

ईरान में पांच हिजाब विरोधी प्रदर्शनकारियों को सजा-ए-मौत सुनाई गई है। ज्यूडिशियरी डिपार्टमेंट की तरफ से जारी बयान के मुताबिक, 11 लोगों को कैद का भी ऐलान किया गया है। इनमें 3 बच्चे शामिल हैं। दो महीने पहले पैरामिलिट्री के सैनिक रुहोल्लाह अजामियान की मौत उस वक्त हो गई थी, जब वो प्रदर्शनकारियों को कंट्रोल करने की कोशिश कर रहे थे। तब यह प्रदर्शन हादिस नजाफी नाम की एक महिला प्रदर्शनकारी की पुलिस के हाथों हुई मौत के विरोध में हुए थे। नजाफी हिजाब विरोधी प्रदर्शन का बड़ा चेहरा थीं।

शायरियों में सौ बार सुना होगा, आज मिल ही गया ‘पत्थर दिल’! सोशल मीडिया पर मचा तहलका

See also  एमपी मे महिला को पेड़ से बांधकर पीटा:ससुरालवालों ने बरसाए लाठी-डंडे; प्रेमी के साथ रहने का आरोप

ईरान में 16 सितंबर को मॉरेलिटी पुलिस की कस्टडी में 23 साल की स्टूडेंट महसा अमिनी की मौत हो गई थी। उसे पुलिस ने हिजाब न पहनने के आरोप में गिरफ्तार किया था। अमिनी की मौत के बाद हिजाब और सरकार विरोधी प्रदर्शन शुरू हुए। 300 लोगों की मौत हो चुकी है और ये अब भी जारी हैं।

प्रवक्ता ने भी की सजा की पुष्टि
लॉ डिपार्टमेंट के स्पोक्स पर्सन मसूद सेतयाशी ने पांच लोगों को सजा-ए-मौत और 11 लोगों को कैद की सजा सुनाए जाने की पुष्टि की। उन्होंने कहा- सैनिक की मौत का केस 11 लोगों पर शुरू किया गया था। इसके बाद चार और लोगों के नाम केस में जोड़े गए। सरकारी वेबसाइट ने सजा की पुष्टि की, लेकिन यह नहीं बताया कि किस दोषी को कितनी सजा सुनाई गई है।

  1. आज का राशिफल जानें कैसा है आप का भाग्य
See also  धरती पर एलियन के आने के कोई सबूत नहीं, US पेंटागन की रिपोर्ट जारी

जिस दिन यह घटना हुई, उस महसा अमिनी की मौत के 40 दिन हुए थे। स्थानीय परंपरा के मुताबिक, यह शोक का दिन होता है। इसी दिन बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन हुए थे। इसी दिन हादिस नजाफी और सैनिक की मौत भी हुई थी। सैनिक की हत्या के आरोप में ही इन लोगों को दोषी ठहराया गया और अब सजा का ऐलान किया गया है।

Facebook
Twitter
LinkedIn

Related Posts

[the_ad id='4119']
Verified by MonsterInsights