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अफगानिस्तान में शियाओं का फिर कत्लेआम

अफगानिस्तान की राजधानी काबुल में शिया बहुल इलाके में शुक्रवार तड़के बम ब्लास्ट हुआ। इसकी चपेट में आने से 19 लोगों की मौत हो गई और 27 अन्य घायल हुए हैं। तालिबान की ओर से नियुक्त प्रवक्ता खालिद जदरान ने बताया कि दशती बारची इलाके में शुक्रवार सुबह यह विस्फोट हुआ। इस क्षेत्र में अधिकतर अफगानिस्तान के अल्पसंख्यक शिया समुदाय के लोग रहते हैं। विस्फोट की तत्काल किसी ने जिम्मेदारी नहीं ली है।

रिपोर्ट के मुताबिक, दशती बारची इलाके में एक एजुकेशन सेंटर में आत्मघाती हमलावर ने खुद को उड़ा लिया। मृतकों और घायलों में ज्यादातर हाई स्कूल के छात्र और छात्राएं हैं। ये बच्चे यहां पर यूनिवर्सिटी एंट्रेस एग्जाम की तैयारी कर रहे थे। इसे काज हायर एजुकेशन सेंटर के तौर पर जाना जाता है, जो बच्चों को कॉलेज एंट्रेस एग्जाम की तैयारी कराता है।

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‘छात्रों से भरे कमरे को निशाना बनाना शर्मनाक’
अफगानिस्तान के लिए अमेरिकी प्रभारी करेन डेकर ने ट्वीट करके हमले की निंदा की है। उन्होंने कहा, ‘परीक्षा देने वाले छात्रों से भरे कमरे को निशाना बनाना शर्मनाक है। सभी छात्रों को शांति से और बिना किसी डर के पढ़ाई करने का अधिकार है। हम पीड़ितों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हैं और मृतकों के परिवारों के प्रति शोक जाहिर करते हैं।’

हाल ही में मस्जिद के पास हुआ था धमाका
सालभर पहले अफगानिस्तान में तालिबान के सत्ता पर काबिज होने के बाद से इस तरह के एक के बाद कई हमले हुए हैं। इसी महीने 23 तारीख को काबुल में एक मस्जिद के पास कार बम विस्फोट में सात लोगों की मौत हो गई थी, जबकि कई बच्चों समेत 41 अन्य घायल हो गए थे। शहर के राजनयिक क्षेत्र में इस विस्फोट के बाद आसमान में काला धुंआ छा गया और इस दौरान कई मिनट तक गोलियों की आवाज सुनी गई। मस्जिद के समीप सड़क के किनारे विस्फोटकों से लदी गाड़ी खड़ी की गई थी और जुमे की नमाज के बाद नमाजी जब मस्जिद से बाहर आ रहे थे तब उसमें विस्फोट कराया गया।

मनु मिश्रा 2
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Author: मनु मिश्रा 2

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